krishna janmashtami 2017 pics

Krishna Janmashtami Special 2017

Krishna Janmashtami Special 2017

कृष्ण जन्माष्टमी विशेष 2017 

कृष्ण जन्माष्मी पर आप भगवान कृष्ण को क्या दें?

Krishna janmashtami par bhagwan krishna ko kya de?

सबसे पहले एक प्रश्न है कि आप क्या दे सकते हैं भगवान को? हमारे पास आज जो कुछ भी है उन्हीं भगवान का तो दिया है। मेरे गुरुदेव कहते हैं हम खुद तो उनसे मांगने में लगे हैं, भिखारी बनकर खड़े हैं तो उन्हें क्या दे सकते हैं।

फिर भी भगवान ने गीता में कहा कि पत्रं पुष्पं फलं तोयं यो मे भक्त्या प्रयच्छति ।

आप मुझे एक पत्रं – पत्ता भेंट कर दो, आप पत्ता नहीं दे सकते तो कोई बात नहीं पुष्पं- कोई फूल भी भेंट कर दो। फूल भी अर्पित नहीं कर सकते तो भी कोई बात नहीं आप फलं – फल ही भेंट कर दो। फल भी नहीं है चढाने को तो तोयं- जल ही मुझ पर चढ़ा दो। इन सब में से आप कुछ भी मुझे श्रद्धा और प्रेम से दें में स्वीकार कर लूंगा।

 

लेकिन इसका एक आध्यात्मिक भाव भी है। जो गुरुदेव के मुख से ही सुना है मैंने वो आपके सामने रखूँगा। आपके जीवन में, आपकी भक्ति में ये बहुत सहायक होगा। ध्यान से पढ़ें।

भगवान ने कहा कि पत्रं यानि पत्ता अर्पित करो। तो कौनसा पत्ता? क्या पेड़ से तोड़कर हम पत्ता दें, या तुलसी पत्र अर्पित करें वो पत्ता नहीं है क्या? वो तो है ही, और ठाकुर जी को तुलसी पत्र तो सबसे प्रिय है। लेकिन आप जो भी अर्पित करें अपना श्रद्धा रूपी पत्र भगवान को अर्पित कर दें।

फिर कहा पुष्पं- यानी फूल। फूल को सुमन भी कहते है। तो गुलाब का फूल , या कमल का या जो आपको पसंद हो वो तो चढ़ाओ ही भगवान पर लेकिन आपका मन भी तो सुमन है। आप अपना मन भगवान को अर्पित कर दो।

फिर कहा फलं- फल। तो कौनसा fruit आप भगवान को दे सकते हैं। कोई भी आप मार्किट से लेकर दे सकते हैं लेकिन आनंद तो बता है जब आप अपना कर्म रूपी फल अर्थात कर्मफल भगवान को अर्पित करते हैं।

फिर कहा तोयं- जल। आप एक लोटा जल तो भगवान पर चढ़ाते हैं। अच्छी बात है चढ़ाना भी चाहिए। लेकिन वास्तव में लोटे का जल न हो तो कौन सा जल हम भगवान को दे सकते हैं?
हम भगवान को अपने नेत्रों के अश्रु का जल समर्पित कर सकते हैं। आप भगवान की याद में उनके प्रेम में रोना। और उस रोने से जो जल आएगा, आपके नेत्रों द्वारा चढ़ाया हुआ भगवान तुरंत स्वीकार करेंगे।

इसलिए वास्तव में तो हम भगवान को जो दें, जितना दें उतना ही कम है। फिर भी यदि आप कुछ देना ही चाहते हो भगवान को इस जन्माष्टमी पर, कोई भी गिफ्ट, या भगवान की ड्रेस, या जो आपका दिल करे वो तो दें ही लेकिन साथ में खुद को भी भगवान को समर्पित कर दें। भगवान को कहे, प्रभु में तेरा हूँ और तू मेरा है। जब आप सच्चे दिल से भगवान को खुद को समर्पित कर देंगे तो भगवान भी आपके हो जायेंगे।

आपके जीवन में ये जन्माष्टमी का त्यौहार आपको बहुत बहुत खुशियां दे। आप खुश रहें। भगवान के प्रेम में डूबे रहें।

जय जय श्री राधे !! जय जय श्री राधे !! जय जय श्री राधे !!

Read : श्री कृष्ण की सम्पूर्ण लीला

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.